
मगध हेडलाइंस: औरंगाबाद। किसानों को डिजिटल रूप से सशक्त बनाने की दिशा में सरकार ने एग्री स्टैक योजना शुरू किया गया है। इस संबध में जिला कृषि पदाधिकारी संदीप राज ने बताया कि एग्री स्टैक परियोजना के अंतर्गत जितने भी प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के लाभार्थी हैं, उनका फार्मर रजिस्ट्री किया जाना है। जिले में 1,78,451 पीएम किसान के लाभार्थी हैं। जिसमें 12752 से अधिक किसानों का फार्मर रजिस्ट्री कर लिया है। यह बहुत ही अत्यंत आवश्यक इसलिए है कि जो उनका जमीन का रजिस्ट्री हो जाता है, साथ ही में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का लाभ लेने के लिए यह अत्यंत आवश्यक है कि आपके खुद के नाम का जमाबंदी होना चाहिए और जमीन का रसीद होना चाहिए। उन्होंने कहा कि वर्तमान परिदृश्य को देखें तो सबसे अधिक प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना अंतर्गत लाभार्थी औरंगाबाद, मदनपुर और रफीगंज में हैं । इसके बाद वहां भी फार्मर रजिस्ट्री का कार्य किया है। सबसे अधिक औरंगाबाद और रफीगंज प्रखंड में किया है। इसके साथ ही किसानों के द्वारा कैंपेन मोड में सभी का रजिस्ट्री भी किया जा रहा है। ई-केवाईसी भी किया जा रहा है। इसको लेकर किसान सलाहकार, कृषि समन्वयक, एटीएम-बीटीएम को निर्देश दिया गया है कि अपने पंचायत अंतर्गत सभी किसानों का फार्मर रजिस्ट्री मिशन मोड में करें
जिसके लिए बिहार सरकार के तरफ से हल्का कर्मचारी और कृषि विभाग के कर्मी संयुक्त रूप से 6, 7, 8, 9 को मिशन मोड में पूरे बिहार में इसको कराया जाने का है जिसमें जिला में भी इसका होगा। यह आवश्यक इसलिए है, क्योंकि इसमें कुछ लाभार्थी वर्ग ऐसा है, जिनके पास जमीन नहीं है या उनके लाभ के लिए उपयुक्त नहीं है, वो लाभ ले रहे हैं। तो उससे ये फिल्टर हो जाएगा। साथ ही ऐसे भी हमारे किसान भाई हैं, जो योजना की पात्रता रखते हैं लेकिन अभी तक वो लाभ नहीं ले रहे हैं, तो ऐसे लोगों को चिह्नित करके लाभ दिया जाएगा। इसलिए जिले में दो चरण का प्रशिक्षण होगा जो पहला 6 से 9 जनवरी एवं दूसरा 18 से 21 जनवरी को आयोजित किया जायेगा। यह जिलाधिकारी की अध्यक्षता में यह प्रशिक्षण होगा और वहां पर हल्का कर्मचारी, कृषि कर्मी को प्रशिक्षण भी दिया जाएगा, ताकि किसानों की सभी समस्याओं का, फार्मर रजिस्ट्री से रिलेटेड समाधान हो सके। उन्होंने आगे कहा कि जिले में जितने भी हैं, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के लाभार्थी सभी किसान भाई से आग्रह करेंगे, जो पंचायत वार कैंप लगाया जायेगा। कैंप में अवश्य पहुंचे और अपना जमीन के दस्तावेज के साथ – जमीन का रसीद, आधार और एक मोबाइल नंबर होना जरूरी है। ताकि ई-केवाईसी के पश्चात वहां उपस्थित हल्का कर्मचारी के द्वारा आपके सभी खेसरा का और खाता का फार्मर रजिस्ट्री तैयार किया जा सके और भविष्य में आप इस योजना के लाभ से वंचित न हों, इसके लिए बहुत ही जरूरी है। उम्मीद करते हैं जो सभी किसान बंधु इसका रजिस्ट्री तीव्र गति से करा लेंगे।







